Tuesday, 6 December 2016

सरलीकरण (Simplification) पर आधारित SSC CGL , IBPS , RRB , CAT , Railway , UPSC में अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

Ques (1-10): निम्न सवालों में  प्रश्न चिह्न (?) के स्थान पर क्या आना चाहिए?

Q1. 637.28 – 781.47 + 257.39 = ?
(1) 113.20
(2) 104.30
(3) 122.40
(4) 133.50
(5) None of these
Q2. 6% of 350 + 2% of 700 = ?% of 1400
(1) 2
(2) 2.5
(3) 3
(4) 4
(5) None of these

Q3. 4672 ÷ 40 ÷ 4 = ?
(1) 467.2
(2) 29.6
(3) 29.2
(4) 368.8
(5) None of these

Q4. 7 × ? = 546 ÷ 4
(1) 24.4
(2) 113.5
(3) 37.9
(4) 19.5
(5) None of these

Saturday, 3 December 2016

करणियों का जोड़ना , घटाना, गुणा, भाग तथा परिमेयकरण (addition, substracition, multiplication, divisin and rationalisation of surds)

करणियों का जोड़ना और घटाना : हम  करणी को  जोड़ या  घटा सकते हैं  केवल जब वे सरलतम रूप में हो । बंटन नियम से समरूप करणियॉं को जोड़ और घटा सकते हैं ।
   
नियम: 
       
  


             उदाहरण:       




करणियों की जोड़ना और   घटाना पर आधारित  कुछ उदाहरण

Friday, 2 December 2016

सरलीकरण (Simplification) ➩ करणियों की तुलना (Camprison of Surds)

करणियों की तुलना (Camprison of Surds) :-

(1) करणियों की तुलना करने के लिए सबसे पहले उनके करणी घात को देखते है ।  अगर करणी घात सामान हैं तो उनकी तुलना आसानी स कर सकते हैं ।

            (i) 5 > 3,        क्योंकि 5 > 3
   (ii) 21 < 28,     क्योंकि 21 < 28.
(iii) 10 > 6,      क्योंकि 10 > 6.


(2) और अगर करणी घात सामान न  हो तो उनकी तुलना आसानी से करने के लिए करणियों के करणी घात का लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) निकालते हैं और उसके बाद प्राप्त लघुत्तम समापवर्त्य (LCM) से सभी को वर्ग करते हैं जिससे सभी करणियों के घातों को समान बनालेते है ।

Thursday, 1 December 2016

सरलीकरण (Simplification) ➩ करणी (Radicals) और करणी के 6 नियम (6 Rules of Radicals) Part-1

करणी (Radicals):

यदि  n एक धन पूर्णांक हो तथा a  एक धनात्मक परिमेय संख्या हो, तब यदि a का nवां मूल अर्थात a1/n  या  n√a एक अपरिमेय संख्या हो, तो n√a को n घात का करणी कहते हैं।
जैसे √5 एक करणी है जिसकी घात 2 है।
जैसे  3√7एक करणी है जिसकी घात 3 है।

सरलीकरण (Simplification) ➩ घातांक(Indices) और घातांक के 6 नियम:


घातांक(Indices) :- घातांक  का सामान्य अर्थ है , जिस संख्या के ऊपर जो  संख्या (घात)  है, उस संख्या को उतनी बार गुणा करना, जितनी उसके ऊपर संख्या (घात) है।  

an   = a x a x a x a x a x a x a……………….(n गुरणखंण्ड)

उदाहरण:     35   = 5 x 5 x 5 x 5 x 5 



मुख्य बिंदु (IMPORTANT POINTS) :

घातांक के 6 नियम:

नियम 1: घातांक के  नियम1

0  के अतिरिक्त कोई भी संख्या जिसकी घात शून्य हो गी तो उसका मान 1 के बराबर होगा

उदाहरण:
सरल करो 20:
                     (since घातांक के  नियम1 )




नियम2: घातांक के  नियम2


उदाहरण:
सरल करो: 2-2

घातांक के  नियम2 



सरलीकरण (Simplification) ➩ बोडमास(BODMAS) नियम :

BODMAS को समझने से पहले कोष्ठक के प्रकार और नियम को समझना बहुत जरूरी है

कोष्ठक (Brackets)

गणित के समीकरणों में सामान्यतः चार प्रकार के कोष्ठक प्रयोग होते हैं जिनको हल करने के लिए निम्लिखित क्रम का प्रयोग करते हैं :-
i)        —     = रेखा कोष्ठक (Line Bracket)
ii)      (   )    = छोटा कोष्ठक  (Simple or Small Bracket)
iii)     {   }    = मझला कोष्ठक (Curly Bracket)
iv)     [    ]    = बड़ा कोष्ठक (Square Bracket)

नोट:1  इनको इसी क्रम में तोड़ते हैं 
नोट:2 यदि कोष्ठक के पहले ऋण चिन्ह हो, तो तोड़ने पर अन्दर के सभी चिन्ह + और - चिन्ह परस्पर बदल जाते हैं